वसूली नहीं हो पाने पर तत्कालीन सरपंच सचिव को जारी होगा गिरफ्तारी वारंट।
वसूली नहीं हो पाने पर तत्कालीन सरपंच सचिव को जारी होगा गिरफ्तारी वारंट।
समय सीमा बैठक में कलेक्टर नीलेश महादेव क्षीरसागर महोदय द्वारा दिए गए निर्देश के अनुसार तथा मुख्य कार्यपालन अधिकारी हरीश मंडावि के मार्गदर्शन में सोशल ऑडिट के वसूली का कार्य चल रहा है जिसमें राशि जमा नहीं करने की स्थिति में गिरफ्तारी वारंट जारी कर न्यायालय में बुलाया जाएगा और राशि जमा न करने की स्थिति में पंचायत राज अधिनियम की धारा 92 के तहत न केवल जेल भेजा जाएगा बल्कि संबंधित पंचायत पदाधिकारियों को 6 वर्ष के लिए पंचायत के किसी भी पद धारण करने के लिए अयोग्य भी घोषित किया जाएगा। इसके बाद अधूरे निर्माण कार्य की शासकीय राशि आहरण कर चुके तत्कालीन सरपंच सचिव की जल्द ही होगी गिरफ्तारी वारंट जारी कर न्यायालय में बुलाया जाएगा पूर्व में 4 से 5 बार कारण बताओ सूचना जारी कर दिया इसके बाद भी कार्य को प्रारंभ नहीं करने के कारण वसूली एवं गिरफ्तारी वारंट की कारवाही की जा रही है ।
जिसमें 72 आंगनवाड़ी 14 उचित मूल्य की दुकान सामुदायिक भव भवन पुलिया निर्माण के कार्य अधूरे हैं सर्वाधिक लंबित कार्य वाले पंचायत
बांदे घोड़ागांव मंडागांव मंटोली मदले छिंदपाल परतापुर पानीडोबीर ऑलपरस देवपुर जनकपुर लक्ष्मीपुर अब जल्द जल्द से वसूली होगी।
एसडीएम पखांजूर टी आर देवांगन ने बताया कि सोशल ऑडिट में कुल 6.48 लाख रुपए बकाया है राशि जमा नहीं करने की स्थिति में गिरफ्तार वारंट जारी न्यायालय में बुलाया जाएगा इसके बाद अधूरी निर्माण कार्य एवं प्रधानमंत्री आवास के कार्यों की वसूली कार्रवाई की जाएगी



