आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका हड़ताल की राह पर, टी एच आर वितरण में परेशानी को लेकर करेंगे एक दिवसीय धरना।

आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका हड़ताल की राह पर, टी एच आर वितरण में परेशानी को लेकर करेंगे एक दिवसीय धरना।
कोयलीबेड़ा। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका टीएचआर वितरण में परेशानियों सम्बन्धी नौ सूत्रीय मांग को लेकर एक दिवसीय हड़ताल पर रहेंगी। हड़ताल किए जाने से पहले महिला एवं बाल विकास अधिकारी कोयलीबेड़ा को ज्ञापन सौंपा गया है।
कोयलीबेड़ा परियोजना के चारों सेक्टर की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका हड़ताल की राह पर हैं। ये दस मार्च सोमवार को टीएचआर वितरण में हो रही परेशानियों सम्बन्धी नौ सूत्रीय मांग को लेकर एक दिवसीय हड़ताल पर रहेंगी। संयुक्त आंगनबाड़ी कार्यकर्ता-सहायिका संघ द्वारा यह हड़ताल किया जाएगा। हड़ताल किए जाने से पहले ब्लॉक अध्यक्ष सोनाय उसेण्डी, सचिव जागेश्वरी दुग्गा सहित आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संघ के सदस्यों ने अपने महिला बाल विकास अधिकारी को ज्ञापन सौंपा है।
सोनाय उसेण्डी ने बताया कि उनकी 9 सूत्रीय मांग है। लगातार जानकारी देने के बावजूद उनकी मांगें नही मानी जा रही हैं। यही कारण है कि 10 मार्च सोमवार को मांग को सामूहिक अवकाश लेकर प्रांतीय आह्वान पर एक दिवस ध्यानाकर्षण के लिए हड़तान करेंगे। जिला मुख्यालय कांकेर में रैली निकालकर ज्ञापन भी देंगे।
संघ की सचिव जागेश्वरी दुग्गा ने बताया कि टी.एच.आर. वितरण के विभागीय वर्तमान व्यवस्था के अनुसार नये वर्जन के अनुसार किया जाना है। हितग्राही का आधार लेना है, मोबाईल से ओ.टी.पी. लेना है ओ.टी.पी. लोड करने के बाद ही टी.एच.आर. प्रदान किया जाना है इसमें कई व्यवहारिक समस्या आ रही है। इसका निराकरण शासन-प्रशासन से कराने हेतु विनम्र आग्रह करते है, जो निम्नानुसार है :-
01. उक्त व्यवस्था अनुसार हर माह एक ही आदमी टी.एच.आर. लेने आ सकता है। घर का दूसरा सदस्य कोई सदस्य नहीं आ सकता।
02. कई हितग्राही ओ.टी.पी. बताने से मना करते है, इससे हितग्राही कम होंगे।
03. कुछ ऐसे भी हितग्राही है जिनके पास या तो मोबाईल नहीं होता है या फिर उनके घर में एक ही मोबाईल होता है जिसे उनके पति या बच्चें ले जाते है। ऐसी स्थिति में टी.एच.आर. वितरण प्रभावित हो रहा है।
04. कई स्थानों में सर्वर/नेट समस्या रहती है। मोबाईल ठीक से नहीं चलता है जिसके कारण भी टी.एच.आर. प्रभावित हो रहा है।
05. कुछ जिलों में जो मोबाईल प्रदान किया गया है उसमें यह कार्य संभव नहीं हो पा रहा है। इसके लिए कम से कम 5 जी.बी. मोबाईल की आवश्यकता होगी।
06. सभी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को अभी भी मोबाईल प्राप्त नहीं हुआ है।
07. आदिवासी वनांचल कुछ क्षेत्र में विशेष जनजाति, पहाड़ी कोरवाओं के आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के पास मोबाईल ही उपलब्ध नहीं है, इन्हें कोई ट्रेनिंग भी नहीं मिला हैं। नेट की भारी समस्या है जिससे मोबाईल योजना से विभाग द्वारा दी जाने वाली सुविधा प्रभावित हो रही है।
08. पोषण ट्रेकर एप पर एफ.आर.एस. फोटो केप्चर से पोषाहार वितरण में भी कई परेशानियां आ रही है। मैदानी क्षेत्र में यह संभव ही नहीं है। इसलिए इसका वितरण कार्य पूर्व की भांति ऑफलाईन कराई जावें।
9. मोबाईल रिचार्ज प्रतिमाह 500/- रू. स्वीकृत किया जावें।
इसी तरह से कई व्यवहारिक समस्याएं फिल्ड में आ रही है। इन समस्याओं के कारण यदि टी.एच.आर. का वितरण सही समय और सही मात्रा में नहीं हो पाने के कारण ऑनलाईन मानदेय कटौती की मांग संघ के संज्ञान में आ रही है।
हम अल्प मानसेवी है और इससे ही हमारा घर-परिवार चलता है उसमें भी आयें दिन छोटी-छोटी बात पर मानदेय काटा जाना न्यायसंगत नहीं है।
इस संबंध में संघ का यह सुझाव है कि, टी.एच.आर. वितरण का कार्य किसी अन्य संस्था/ ऐजेंसी अथवा जहां से सामान उठाया जाता है उसके माध्यम से हमारी सहयोग से किया जाना उचित प्रतीत हो रहा है।



