कोई भी सरकार ने नहीं सुना मांग, अब एसटी,एससी और ओबीसी आरक्षण के लिए संयुक्त रूप से करेंगे लड़ाई।

कोई भी सरकार ने नहीं सुना मांग, अब एसटी,एससी और ओबीसी आरक्षण के लिए संयुक्त रूप से करेंगे लड़ाई।

भानुप्रतापपुर। सर्व पिछड़ा वर्ग समाज बस्तर संभाग छत्तीसगढ़ स्थापना दिवस पर सामुदायिक भवन में सभा की गई जिसमें जिले के आलावा संभाग भर से समुदाय के पदाधिकारी शामिल हुए। संबोधन के बाद रैली निकाली और भानुप्रतापपदेव चौक में 8 सूत्रीय मांगों को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम से तहसीलदार सुरेंद्र उर्वशा को ज्ञापन सौपा। 20 मिनिट चौक में प्रदर्शन भी किया।
सर्व पिछड़ा वर्ग के जिलाध्यक्ष जगन्नाथ साहू ने कहा 2013 स्थापन के बाद 2018 के बाद हमने फिर से संगठन को पुनर्जीवित किया और सारे समाज को एकरूपता में ही हमारा मांग पूरी होगी। लाभ मिलेगा आप सबको एक बार बार एकरूपता के साथ आरक्षण को लेकर मांग प्रमुखता से रखना है। सर्व आदिवासी समाज के ब्लाक अध्यक्ष कृष्ण टेकाम ने कहा एसटी, एससी और ओबीसी को अपनी संवैधानिक अधिकार के लिए लड़ाई करने की जरूरत पड़ रहा है। आगे हम सभी कंधे से कंधे मिलाकर लड़ाई लगेंगे। जो भी सरकार बनती है वह हमें बांटने का प्रयास करती है। अब एसटी, एससी और ओबीसी की संयुक्त लड़ाई होगी और हमारी अधिकार को देना होगा। नगर पंचायत अध्यक्ष सुनील पाढ़ी ने कहा ओबीसी समाज निरन्तर 2013 से अपनी अधिकार के लिए संघर्ष कर रही है। जब आरक्षण की व्यवस्था है तो उसका पालन होना चाहिए। पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष निखिल सिंह राठौर ने कहा अगर सविधान में ओबीसी को 27 प्रतिशत आरक्षण है तो यह मिलना चाहिए। अगर नहीं मिल रहा है तो इसकी कमी समुदाय की है इसके लिए एकजुटता के साथ मजबूती से मांग रखे। आदिवासी समाज के कोमल हुपेंडी ने कहा हम सब एक है आने वाले समय मे जो भी मांगे होगी एक साथ संघर्ष किया जाएगा। हरेश चक्रधारी ने कहा छत्तीसगढ़ में सर्व पिछड़ा वर्ग की आबादी 52 प्रतिशत है इसके आधार आरक्षण हम लेकर रहेंगे इसके लिए एकता जरूरी है। बस्तर और सरगुजा संभाग में एसटी एससी और ओबीसी की 90 प्रतिशत आबादी है। कुछ दिन पहले सरकार ने ओबीसी की 54 बिंदुओं पर सर्वे कराया है। जो दिखावा है। सही सर्वे नहीं हुआ इससे आबादी कम बताने की साजिश की जा रही है।
समाज के जिला उपाध्यक्ष राकेश गुप्ता (मंटूल) ने कहा 2013 से मांगो को लेकर संघर्ष जारी है रायपुर की पदयात्रा भी किया। जो सरकार हमारी मांगे नहीं सुनी समाज ने बाहर का रास्ता दिखाया है। नीलकंठ शार्दूल ने कहा ओबीसी का संगठन 1996 से बना है तब से मांग जारी है इसमे कुछ जिलों में छात्रावास खुले है। छात्राओं को सायकल मिलने लगी है। प्रमुख मांग 27 प्रतिशत आरक्षण नहीं मिल पाया है। एसटी 32, एससी 16 और ओबीसी 27 प्रतिशत के लिए संयुक्त रूप से लड़ाई लगी जाएगी। संरक्षक गौरीशंकर साहू ने कहा 2013 की पदयात्रा की पैर के छाले आज भी है। हमारी मांग को कोई भी सरकार ने पूरा नहीं किया है। संविधान में लिखा है उसी को मांग रहे है कोई नई मांग नहीं है। ब्लाक अरविंद जैन, मनीष टेम्पा योगी, तरुण धाकड़, जयराम कश्यप ने भी संबोधित किया। संचालन अशोक यादव, आभार अशोक जैन ने किया। इस मौके पर राजकुमार ठाकुर, भगवती गजेंद्र, कुंदन साहू, अजय साहू, राजीव श्रीवास, परमानंद साहू, चेतन मरकाम, मेहर सिंह वट्टी, रवि दुग्गा, कमलेश निषाद, संदीप सिन्हा, विजय पटेल आदि शामिल थे।
सर्व पिछड़ा वर्ग की प्रमुख मांगे
अन्य पिछड़ा वर्ग समाज का आरक्षण नगरीय निकाय व त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में 50 प्रतिशत आरक्षण का दायरा लगाकर अन्य पिछड़ा वर्ग का ही आरक्षण कम न किया जाए। बस्तर संभाग के अन्य पिछड़ा वर्ग को परंपरागत वनवासी होने के नाते पांचवी अनुसूची में शामिल किया जाए। राज्य में अन्य पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग का स्वतंत्र मंत्रालय छत्तीसगढ़ के तत्कालीन सरकार द्वारा स्थापना की घोषणा की गई है, जिससे तत्काल लागू किया जावें। बस्तर संभाग के प्रत्येक जिले में वर्तमान में लागू 14 प्रतिशत अन्य पिछडा वर्ग का आरक्षण रोस्टर शत प्रतिशत लागू किया जावे। जिससे वर्तमान में हो रही विभागीय भर्तीयों में अन्य पिछडा वर्ग के अभ्यार्थीयों के साथ न्याय हो सके। राज्य में अन्य पिछड़ा वर्ग के 52 प्रतिशत आबादी के आधार पर 27 प्रतिशत आरक्षण दिया जाए।राज्य में बस्तर संभाग के त्रिस्तरीय पंचायत व्यवस्था में भारत सरकार के जनसंख्या गणना के आधार पर जिन ग्राम पंचायतों में अन्य पिछड़ा वर्ग की बहुलता है, ऐसे ग्राम पंचायतों में सरपंच का पद अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित किया जाए। छग सरकार एवं भारत सरकार द्वारा बस्तर संभाग में संचालित प्राथमिक शिक्षा से लेकर उच्च शिक्षा की पढ़ाई हेतु सभी आश्रम, छात्रावास में अन्य पिछड़ा वर्ग के छात्र, छात्राओं के लिए स्वतः 27 प्रतिशत आरक्षण और छात्रवृत्ति एक समान दिया जाए। बस्तर संभाग में होने वाले समस्त भर्तियों में बस्तर के स्थानीय लोगों को भर्ती में लिया जावे।
ओबीसी भवन के लिए हुआ भूमिपूजन
रैली के रूप में समुदाय के लोग भानुप्रतापपदेव चौक होते हुए अंतागढ़ रोड़ में पेट्रोल पंप के सामने खाली जमीन में ओबीसी भवन बनाने के लिए भूमिपूजन किया गया। मनीष टेम्पा योगी, दीपक गजेंद्र, अरविंद जैन ने बताया यह भवन बनने से कोई भी समाज के व्यक्ति यहां से आते जाते कोई समस्या हो तो रुकने की व्यवस्था रहेगी। सुविधा मिलेगा।



