धूमन्तु पशुओं के कारण सड़क दुर्घटना को रोकने कलेक्टर ने दिये निर्देश।


कांकेर। धूमन्तु पशुओं के कारण सड़क दुर्घटना को रोकने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग एवं राज्यमार्ग में दुर्घटनाजन्य स्थलो का चिन्हांकन करने तथा पशुओ को रखने के लिए कांजीहाउस एवं गौठान का मैपिंग करने सभी एसडीएम एवं जनपद सीईओ को निर्देश दिये गये हैं। चिन्हांकित गौठान एवं कांजीहाउस की क्षमता का भी आंकलन करने तथा प्राईवेट कांजीहाउस का संचालन करने के इच्छुक व्यक्तियों का चिन्हांकन करने के लिए निर्देशित किया गया है। घुमंतु पशुओं को सड़कों में इक्कट्ठा पाये जाने पर उन्हे हटाने के लिए डायल नंबर 1100 जारी किये गये है। उक्त नंबर पर फोन कर कोई भी व्यक्ति सूचना दे सकता हैं, जिसे रिसीव करने के लिए कर्मचारियों का ड्यूटी लगाने के निर्देश दिये गये। घुमंतू पशुओं को सड़कों में बैठने से रोकने के लिए उनके बिहेवियर चेंज करने का प्रयास करने तथा दुर्घटनाजन्य स्थलों का रात में भी औचक निरीक्षण करने के लिए सभी एसडीएम को कलेक्टर द्वारा निर्देशित किया गया है। पशुओं में रेडियम बेल्ट लगाने के कार्य की समीक्षा भी उनके द्वारा की गई। पशुधन विकास विभाग के उप संचालक ने बताया कि अब तक 785 पशुओं में रेडियम बेल्ट लगाया जा चुका है। बैठक में अपर कलेक्टर अंतागढ़ बी.एस उईके, वनमण्डलाधिकारी कांकेर आलोक वाजपेयी, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुमीत अग्रवाल, विभिन्न विभागों के जिला अधिकारी, सभी एसडीएम, जनपद सीईओ एवं नगरीय निकायों के अधिकारी उपस्थित थे।

